बीते वर्ष कैंट निवासी दिनेश चंद्र गौतम ने सीआरपीसी की धारा 156 (3) के तहत कोर्ट में अर्जी दी थी। इसमें एससी-एसटी एक्ट समेत अन्य धाराओं में प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की गई। कोर्ट ने अपराध के संज्ञेय प्रकृति का होने के आधार पर अर्जी मंजूर की और 21 सितंबर 2024 को एफआईआर दर्ज कर विवेचना करने का आदेश जारी किया।
विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी कोर्ट के आदेश पर कैंट थाना प्रभारी सुनील कुमार कनौजिया पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। आरोप है कि कोर्ट के आदेश के 14 माह बाद भी उन्होंने एफआईआर दर्ज नहीं की। वर्तमान में वह कैंट थाना में ही तैनात हैं।
बीते वर्ष कैंट निवासी दिनेश चंद्र गौतम ने सीआरपीसी की धारा 156 (3) के तहत कोर्ट में अर्जी दी थी। इसमें एससी-एसटी एक्ट समेत अन्य धाराओं में प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की गई। कोर्ट ने अपराध के संज्ञेय प्रकृति का होने के आधार पर अर्जी मंजूर की और 21 सितंबर 2024 को एफआईआर दर्ज कर विवेचना करने का आदेश जारी किया।
कैंट थाने के पैरोकार ने एक अक्तूबर 2024 को आदेश की प्रति प्राप्त की। इसमें कोर्ट ने यह भी आदेश दिया कि एफआईआर की कॉपी दो दिन में पेश की जाए। आरोप है कि बावजूद इसके कोर्ट में एफआईआर की कॉपी पेश नहीं की गई।