जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा की अध्यक्षता में शनिवार को संगम सभागार में जिला स्वास्थ्य समिति (शासी निकाय) की बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में जिलाधिकारी ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत संचालित सभी स्वास्थ्य कार्यक्रमों की गहन समीक्षा करते हुए चिकित्सा अधीक्षकों को निर्देशित किया कि वे इनके प्रभावी क्रियान्वयन हेतु पूरी निष्ठा के साथ कार्य करें।
जननी सुरक्षा और प्रसव रिपोर्टिंग पर कड़ी नाराज़गी
जननी सुरक्षा कार्यक्रम की समीक्षा में निम्नतम प्रगति वाले ब्लॉक—रामनगर, बहादुरपुर, कौड़िहार, सैदाबाद व धनुपुर—के चिकित्सा अधीक्षकों को आशा कार्यकर्ताओं के माध्यम से गर्भवती महिलाओं का शत-प्रतिशत पंजीकरण एवं प्रसव सरकारी चिकित्सालयों में सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए गए।
शहरी क्षेत्रों में गर्भवती महिलाओं के पंजीकरण की तुलना में केवल 43% प्रसव रिपोर्टिंग पर जिलाधिकारी ने गहरी नाराज़गी व्यक्त की और सभी निजी चिकित्सालयों से प्रसव की शत-प्रतिशत रिपोर्ट तुरंत प्राप्त करने के निर्देश दिए।
उन्होंने एचआरपी (High Risk Pregnancy) गर्भवती महिलाओं की पहचान कर उनका सिजेरियन प्रसव फर्स्ट रेफरल यूनिट में निःशुल्क कराने के निर्देश भी दिए।
मातृ मृत्यु और परिवार नियोजन पर निर्देश
जिलाधिकारी ने प्रत्येक मातृ मृत्यु की रिपोर्टिंग एवं उसके कारणों की समीक्षा कर सुधारात्मक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश मुख्य चिकित्सा अधिकारी को दिए।
परिवार नियोजन कार्यक्रम में पुरुषों की भागीदारी बढ़ाने हेतु व्यापक प्रचार-प्रसार गतिविधियाँ संचालित करने पर भी विशेष जोर दिया गया।
सीएचओ की उपस्थिति पर सख़्ती
जिलाधिकारी ने कहा कि आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में सीएचओ की उपस्थिति अनिवार्य है।
उन्होंने चिकित्सा अधीक्षकों तथा उप मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को औचक निरीक्षण करने और बिना सूचना अनुपस्थित रहने वाले सीएचओ के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
एसआईआर कार्य में तेजी लाने के निर्देश
जिलाधिकारी ने कहा कि एसआईआर कार्य में लगी कुछ आशाओं का प्रदर्शन संतोषजनक नहीं है, विशेषकर शहर की तीनों विधानसभा क्षेत्रों में।
उन्होंने सभी एमओआईसी को निर्देशित किया कि आशाओं को प्रेरित कर एसआईआर प्रक्रिया से संबंधित फार्म निर्धारित समय सीमा में हर हाल में जमा कराएँ, क्योंकि अंतिम तिथि निकट है।
बैठक में व्यापक सहभागिता
बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. ए.के. तिवारी, सभी अपर/उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी, प्रमुख/मुख्य चिकित्सा अधीक्षक, शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के प्रभारी चिकित्साधिकारी, एसएमओ, जिला कार्यक्रम प्रबंधक (एनएचएम), सहयोगी विभागों तथा विभिन्न संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
Anveshi India Bureau



