प्रदेश में वयस्क साक्षरता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से संचालित ‘उल्लास–नव भारत साक्षरता कार्यक्रम’ के अंतर्गत द्वितीय चरण की साक्षरता परीक्षा का आयोजन रविवार को प्रदेश के सभी जनपदों में सफलतापूर्वक कराया गया। इस दौरान प्रदेशभर में लगभग 35 हजार से अधिक साक्षरता परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा आयोजित की गई, जिसमें बड़ी संख्या में असाक्षर प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

इस संबंध में महानिदेशक, स्कूल शिक्षा मोनिका रानी ने बताया कि ‘उल्लास–नव भारत साक्षरता कार्यक्रम’ के माध्यम से प्रदेश में साक्षरता अभियान को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाया जा रहा है। उन्होंने जानकारी दी कि उल्लास पोर्टल पर 14 मार्च 2026 तक शॉर्टलिस्ट किए गए 4,93,516 असाक्षर प्रतिभागियों ने इस परीक्षा में सहभागिता की है।

उन्होंने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य केवल सामान्य नागरिकों को साक्षर बनाना ही नहीं है, बल्कि समाज के विभिन्न वर्गों को भी शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ना है। इसी क्रम में जिला कारागार कानपुर देहात और फर्रुखाबाद में निरुद्ध असाक्षर कैदियों को भी साक्षरता परीक्षा में सम्मिलित कराया गया, ताकि उन्हें शिक्षा के माध्यम से आत्मनिर्भर और जागरूक बनाया जा सके।
सरकार की इस पहल से प्रदेश में वयस्क शिक्षा को नई गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है तथा साक्षर समाज के निर्माण की दिशा में यह अभियान एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
Anveshi India Bureau



