प्रयागराज में आगामी महाकुंभ मेले को ध्यान में रखते हुए उत्तर प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (UPSDMA) और रेलवे प्रशासन द्वारा सुरक्षा और आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। यह मॉकड्रिल प्रयागराज जंक्शन रेलवे स्टेशन पर भगदड़ और आग की घटना जैसी परिस्थितियों के प्रबंधन के लिए आयोजित की गई।
प्रमुख बिंदु:
1. महाकुंभ की तैयारी:
महाकुंभ मेला 14 जनवरी 2025 से शुरू होगा, जिसमें 45 दिनों के दौरान लगभग 45 करोड़ श्रद्धालुओं के आने की संभावना है।
भारी भीड़ के कारण रेलवे और जिला प्रशासन ने आपातकालीन स्थितियों से निपटने की विशेष तैयारी की है।
2. मॉकड्रिल का उद्देश्य:
भगदड़ और अन्य आपातकालीन स्थितियों के प्रबंधन की क्षमता का परीक्षण करना।
मेडिकल और रेस्क्यू टीम की तत्परता सुनिश्चित करना।
3. कार्यवाही:
भगदड़ की स्थिति का सीन क्रिएट किया गया, जिसमें पांच लोग भीड़ में दब गए।
घायल व्यक्तियों में से तीन गंभीर रूप से घायल पाए गए, जबकि दो को हल्की चोटें आईं।
रेस्क्यू टीम ने तेजी से कार्रवाई करते हुए घायलों को रेलवे अस्पताल में 5-7 मिनट के भीतर पहुंचाया, जहां तुरंत इलाज शुरू किया गया।
4. सहयोगी विभाग:
मॉकड्रिल में रेलवे प्रशासन, एनडीआरएफ (नेशनल डिजास्टर रिस्पॉन्स फोर्स), एसडीआरएफ (स्टेट डिजास्टर रिस्पॉन्स फोर्स), चिकित्सा विभाग और अन्य संबंधित विभागों ने भाग लिया।
5. सीख:
आपातकालीन स्थिति में भीड़ को नियंत्रित करना, घायल व्यक्तियों को रेस्क्यू करना और प्राथमिक चिकित्सा देना। सभी विभागों के बीच समन्वय सुनिश्चित करना।
यह मॉकड्रिल महाकुंभ के दौरान किसी भी अप्रत्याशित घटना से निपटने की तैयारी का महत्वपूर्ण हिस्सा है, जिससे श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

Anveshi India Bureau



