विद्या भारती से संबद्ध काशी प्रांत के रानी रेवती देवी सरस्वती विद्या निकेतन, राजापुर, प्रयागराज में प्रधानाचार्य बांके बिहारी पाण्डेय के संयोजन में आयोजित दो दिवसीय शिशु वाटिका समीक्षा बैठक ज्ञान, संस्कार और समर्पण का सशक्त संगम बनकर उभरी।
नगरीय एवं ग्रामीण प्रांत प्रमुखों तथा जिला प्रमुखों के मार्गदर्शन में आयोजित इस बैठक में केशव एवं माधव संकुल की शिशु वाटिका प्रमुख बहनों सहित कुल 31 बहनों की सक्रिय सहभागिता रही, जिससे बैठक को विशेष गरिमा प्राप्त हुई। इस अवसर पर क्षेत्रीय सह संगठन मंत्री डॉ. राम मनोहर, प्रदेश निरीक्षक शेषधर द्विवेदी, क्षेत्रीय शिशु वाटिका प्रमुख विजय उपाध्याय तथा विद्यालय के प्रधानाचार्य बांके बिहारी पाण्डेय का प्रेरक सान्निध्य प्राप्त हुआ।
चिंतन, मंथन एवं संकल्प से परिपूर्ण इस समीक्षा बैठक में शिशु संस्कारों के सुदृढ़ीकरण की दिशा में सार्थक एवं प्रेरणादायी विचार-विमर्श हुआ।

इस अवसर पर डॉ. राम मनोहर ने अप्रैल से जनवरी तक शिशु वाटिकाओं में किए गए करणीय कार्यों की समीक्षा करते हुए 12 शैक्षिक व्यवस्थाओं, कार्यक्रमों एवं क्रियाकलापों की व्यवस्थितता तथा सभी जिलों में प्रभावी शिशु वाटिका संचालन पर विस्तृत मार्गदर्शन दिया।
प्रदेश निरीक्षक शेषधर द्विवेदी ने 23 जनवरी 2026 को आयोजित होने वाले विद्यारंभ संस्कार को लेकर वृहद योजना पर प्रकाश डाला।
क्षेत्रीय शिशु वाटिका प्रमुख विजय उपाध्याय ने शिशु समर्थ राम कथा, शिशु नगरी, मातृत्व भाव तथा राष्ट्रीय शिक्षा नीति के आधार पर गतिविधि-आधारित शिक्षण पर विशेष बल दिया।
वहीं प्रधानाचार्य बांके बिहारी पाण्डेय ने कहा कि “मातृ शक्ति की ऊर्जा से सभी कार्य सिद्ध होते हैं” और सभी बहनों को स्नेहाशीष प्रदान किया।
कार्यक्रम में उषा त्रिपाठी ने मंचासीन अतिथियों एवं सभी बहनों के प्रति आभार व्यक्त किया। बैठक में प्रमुख रूप से जन शिक्षा की प्रांत प्रमुख पूनम सिंह, जिला प्रमुख आशा द्विवेदी, पूजा मिश्रा, रुचि चंद्रा सहित अनेक बहनें उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम का संचालन प्रांत प्रमुख मीरा पाठक ने किया।
Anveshi India Bureau



