Saturday, July 13, 2024
spot_img
HomePrayagrajHigh Court : जातीय संघर्ष और मासूम को जिंदा जलाने में उम्रकैद...

High Court : जातीय संघर्ष और मासूम को जिंदा जलाने में उम्रकैद पाए 13 दोषियों को जमानत, 15 लोगों पर दर्ज है केस

मासूम को जिंदा जलाने के मामले में उम्रकैद की सजा पाए 13 लोगों को इलाहाबाद हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। घटना में कुल 15 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था। शेष दो आरोपियों की अर्जी पर कोर्ट अगले साल 25 जनवरी को सुनवाई करेगी। मामला मथुरा जिले से जुड़ा हुआ है।

23 साल पहले मथुरा में एक पंचायती भूखंड पर कब्जे को लेकर दलितों के घरों में आगजनी कर छह माह के मासूम को जिंदा जलाने में उम्रकैद की सजा पाए 15 सवर्णों में से 13 दोषियों की हाईकोर्ट ने जमानत मंजूर कर ली है। शेष दो की अर्जी पर जनवरी 2025 के बाद विचार होगा।

यह खूनी खेल मथुरा के हाईवे (तब नरहौली) थाना क्षेत्र के दतिया गांव में 23 जनवरी 2001 की सुबह करीब 7 बजे शुरू हुआ था। तब, पंचायती भूखंड पर सवर्णों ने जबरन निर्माण शुरू किया, जिसका दलितों ने विरोध किया। फिर, जातीय संघर्ष छिड़ गया। पीड़ित होरीलाल ने एफआईआर में कहा कि सवर्णों ने मारपीट, फायरिंग और आगजनी की, जिसमें राजेंद्र सिंह की जांघ में गोली लगी। छह माह की गुड़िया भी झोपड़ी में जिंदा जल गई।

पुलिस ने 16 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। पहले सीओ सदर ने जांच की, फिर सीबीसीआईडी आगरा ने। विवेचना में आठ और आरोपी पता लगे। पहला आरोप पत्र दिसंबर 2005 और दूसरा जनवरी 2006 में ट्रॉयल कोर्ट में दाखिल हुआ। इस बीच आरोपी पक्ष की याचिका पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सुनवाई स्थगित कर दी। यह स्थगन 2021 तक प्रभावी रहा।

ट्रायल कोर्ट ने सुनाई थी आजीवन कारावास की सजा

वर्ष 2021 से फिर सुनवाई शुरू हुई। ट्रायल के दौरान 9 आरोपियों की मौत हो गई। बाकी 15 आरोपियों को जिला अदालत ने जनवरी 2024 में दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाते हुए 73-73 हजार का जुर्माना भी लगाया। तब से सभी दोषी जेल में हैं। हाईकोर्ट में सजा रद्द करने की अपील की सुनवाई न्यायमूर्ति अश्वनी कुमार मिश्रा और न्यायमूर्ति मो. अजहर हुसैन इदरीशी की खंडपीठ कर रही है।

कोर्ट ने जगदीश, लक्ष्मी नारायण उर्फ लच्छो, श्याम सिंह, मोहन लाल, रामस्वरूप, रमन सिंह, करुआ, जयपाल, तुल्ली, छिद्दी सिंह, हरी नारायण, रामचंद्र और कमल सिंह की जमानत मंजूर कर ली। गोली चलाने में दोषी पाए गए नंदू उर्फ नंदो और छगन लाल की अर्जी पर जनवरी 2025 तक सुनवाई टाल दी गई है।

Courtsyamarujala.com
RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments